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रामलला तीर्थ दर्शन यात्रा में सक्ती जिले की दर्शनार्थियों की संख्या 36 से बढ़ाकर 100 की जाए – अधिवक्ता चितरंजय पटेल

रामलला तीर्थ दर्शन यात्रा में सक्ती जिले की दर्शनार्थियों की संख्या 36 से बढ़ाकर 100 की जाए - अधिवक्ता चितरंजय पटेल kshititech

सक्ती-  छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी श्री रामलला तीर्थ दर्शन यात्रा योजना में सक्ती जिले से जाने वाले श्रद्धालुओं की निर्धारित संख्या 36 से बढ़ाकर 100 किए जाने की मांग उठी है। यह मांग हिंदू जागरण मंच के जिलाध्यक्ष एवं उच्च न्यायालय अधिवक्ता चितरंजय पटेल ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से की है।
अधिवक्ता पटेल ने कहा कि समीपस्थ रायगढ़ जिले के लिए 250 तथा जांजगीर जिले के लिए 186 श्रद्धालुओं का कोटा निर्धारित किया गया है, जबकि सक्ती जिले के लिए मात्र 36 दर्शनार्थियों की संख्या स्वीकृत किया जाना जिले के साथ घोर उपेक्षा का विषय है। उन्होंने कहा कि सक्ती जिले में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान श्रीराम की जन्मभूमि अयोध्या जाकर श्रीरामलला के दर्शन की इच्छा रखते हैं।
उन्होंने कहा कि जिले की जनभावना और श्रद्धालुओं की आस्था को ध्यान में रखते हुए श्री रामलला तीर्थ दर्शन यात्रा में सक्ती जिले का कोटा बढ़ाया जाना आवश्यक है। इसी मांग को लेकर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के जेठा (सक्ती) प्रवास के दौरान अधिवक्ता चितरंजय पटेल ने उन्हें ज्ञापन सौंपकर सक्ती जिले से जाने वाले दर्शनार्थियों की संख्या 36 से बढ़ाकर 100 किए जाने का आग्रह किया।

प्रभारी मंत्री से भी की मांग

इसी मांग को लेकर अधिवक्ता चितरंजय पटेल ने मुख्यमंत्री के जिले में प्रवास के दौरान जिले के प्रभारी मंत्री गुरु खुशवंत साहेब से स्थानीय विश्राम गृह में भेंट कर ज्ञापन सौंपा। इस दौरान उन्होंने श्री रामलला तीर्थ दर्शन यात्रा के लिए सक्ती जिले का कोटा बढ़ाने का आग्रह किया। प्रभारी मंत्री ने मांग को जायज बताते हुए कहा कि वे अविलंब संबंधित विभाग से संपर्क कर दर्शनार्थियों का कोटा बढ़ाने का प्रयास करेंगे। इस दौरान जिला भाजपा अध्यक्ष टिकेश्वर गबेल, प्रेम पटेल, अभिषेक शर्मा सहित उपस्थित लोगों ने भी मांग का समर्थन करते हुए प्रभारी मंत्री से शीघ्र कोटा बढ़ाने का अनुरोध किया।
अधिवक्ता पटेल ने कहा कि सक्ती जिले के श्रद्धालुओं को भी समान अवसर मिलना चाहिए, ताकि अधिक से अधिक लोग प्रभु श्रीराम के दर्शन कर सकें।