प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना अंतर्गत किकिरदा में खेत बचाओ, धरती माता बचाओ अभियान के तहत कृषक चौपाल आयोजित


सक्ती / बिर्रा – प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना अंतर्गत कृषि विभाग द्वारा संचालित खेत बचाओ एवं धरती माता बचाओ अभियान के अंतर्गत विकासखंड जैजैपुर के ग्राम पंचायत किकिरदा के धान मंडी प्रांगण में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना अंतर्गत कृषक चौपाल का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में किसानों को मृदा स्वास्थ्य संरक्षण एवं टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाने के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई। कृषक चौपाल में उपस्थित किसानों को संतुलित उर्वरक उपयोग के महत्व के बारे में और प्रधानमंत्री किसान सम्मन निधि पेंशन राशि के बारे में विस्तार पूर्वक बताया गया तथा फसलों की आवश्यकता के अनुरूप उर्वरकों के वैज्ञानिक एवं संतुलित प्रयोग की सलाह भी दी गई।
गौरतलब है कि जनपद पंचायत जैजैपुर के अंतर्गत ग्राम पंचायत किकिरदा के धान मंडी के पास समिति कार्यालय में 9 जून दिन मंगलवार को सुबह 9:00 बजे से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना अंतर्गत कृषक चौपाल आयोजित किया गया। किसानों को नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी के उपयोग की विधि, लाभ तथा इसके प्रभावी उपयोग के संबंध में विस्तार पूर्वक जानकारी दी गई। इस संबंध में ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी विनोद कुमार कश्यप ने किसानों को बताया कि नैनो उर्वरकों के प्रयोग से उर्वरक उपयोग दक्षता बढ़ती है। लागत में कमी आती है तथा फसलों की उत्पादकता में वृद्धि होती है। इस अवसर पर किसानों को बीजीए (ब्लू ग्रीन एल्गी) कल्चर तथा हरी खाद के उपयोग के संबंध में भी जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने बताया कि इनका उपयोग मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने, रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम करने तथा पर्यावरण संरक्षण में सहायक होता है। कृषक चौपाल में किसानों को प्राकृतिक खेती के विभिन्न पहलुओं से भी अवगत कराया गया। प्राकृतिक संसाधनों के उपयोग, जैविक विकल्पों को अपनाने तथा लागत कम कर खेती को अधिक लाभकारी बनाने संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां साझा किया गया है । इसके साथ ही किसानों को कृषि संबंधी तकनीकी जानकारी प्रदान करते हुए शासन की विभिन्न कृषि हितैषी योजनाओं की जानकारी भी दी गई। खेत बचाओ एवं धरती माता बचाओ अभियान अंतर्गत कृषक चौपाल में बी आर सी देव प्रसाद तिवारी ने संतुलित उर्वरक उपयोग के बारे में जानकारी दिया। नैनो यूरिया, नैनो डीएपी के उपयोग विधी, एवं BGA कल्चर,हरी खाद ढेंचा + मूंग का उपयोग करने का सलाह दिया गया एवं प्राकृतिक खेती के बारे में और घर पर ही नाइट्रोजन तैयार करने का विस्तार पूर्वक जानकारी दिया गया।
इस कार्यक्रम में नरसिंह प्रसाद आदित्य , बी आर सी देवप्रसाद तिवारी, सेवा सहकारी समिति मर्यादित किकिरदा के संस्था प्रबंधक कुशत चंद्रा, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी विनोद कुमार कश्यप तथा कृषकमित्र डी एन देवांगन और भोजराम बंजारे ,माखन लाल चंद्रा, जयप्रकाश ओगर, सुंदर जांगड़े, घनश्याम डहरिया, लक्ष्मी नारायण मांझी, रानू कश्यप, नवधराम आदित्य, राजू कश्यप आसाराम डहरिया आदि के अलावा घिवरा , करही और किकिरदा के किसान भारी संख्या में उपस्थित थे।




