सक्ती

अधिवक्ता परिषद की बैठक शामिल हुए विधि मंत्री गजेंद्र यादव

समाज की भावनाओं और जरूरतों को कोर्ट को बताना वकील का दायित्व – गजेंद्र यादव विधि मंत्री

अधिवक्ता परिषद की बैठक शामिल हुए विधि मंत्री गजेंद्र यादव kshititech

सक्ती- समाज की भावनाओं और आवश्यकताओं को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करने के महती दायित्व का भलीभांति निर्वहन अधिवक्ता का ध्येय होना चाहिए, यह उद्गार व्यक्त करते हुए छत्तीसगढ़ के विधि मंत्री गजेंद्र यादव ने कहा कि आज समाज के भावनाओं एवं आवश्यकताओं से परे अव्यावहारिक न्यायिक आदेश व निर्देश के कारण सरकार के मूलभूत कार्य दुष्प्रभावित होते हैं। आज अधिवक्ता परिषद छत्तीसगढ़ प्रांत के प्रांतीय आयोजन में मुख्य वक्ता के रूप में विधि मंत्री ने आगे बताया कि इन प्रतिकूल परिस्थितियों में वकील ही कोर्ट को समाज की जरूरतों से अवगत कराने का अच्छा माध्यम हो  सकता है ताकि कोर्ट के निर्णय जनोन्मुखी साबित हों।
आज अधिवक्ता परिषद के प्रांतीय आयोजन में अस्सिटेंट कमिश्नर पुलिस डा नरेश पटेल ने साइबर फ्रॉड एवं प्रोफेसर भूपेंद्र करबंदे ने कानून के क्षेत्र में ए आई के लाभ एवं दुष्परिणाम विषय पर सारगर्भित व्याख्यान दिया तो वहीं  राष्ट्रीय मंत्री विक्रम दुबे एवं क्षेत्रीय संयोजक प्रदीप सिंह ने संगठनात्मक सत्र में कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन किया तथा महामंत्री धर्मेश श्रीवास्तव ने स्वागत भाषण दिया।
उकताशय की जानकारी देते हुए सक्ती जिला अध्यक्ष एवं उच्च न्यायालय अधिवक्ता चितरंजय पटेल ने बताया कि इस  महत्वपूर्ण प्रांतीय आयोजन में सक्ती जिले से सर्वाधिक अधिवक्ता प्रतिनिधि शामिल हुए जिसमें विश्वनाथ सोनसरे विजय चंद्रा, संतोष यादव, भूपेंद्र सिंह, मालिकराम यादव, नरेंद्र पटेल, वीरेंद्र उपाध्याय, बबली पटेल, कृष्ण कुमार चंद्रा, तिलेश्वर महंत, संतोष साहू,नूरेंद्र पटेल, तिलेश्वर महंत , संतोष साहू, मिताली भारद्वाज, नरसिंह जायसवाल आदि के साथ संपूर्ण प्रांत के अन्य जिलों से अधिवक्ताओं की गरिमामय उपस्थिति रही।