सक्ती के बुधवारी बाजार में वर्दी पहनकर संदिग्ध हालत में सोते दिखा आरक्षक

14 दिन तक ड्यूटी से रहा गायब, वीडियो वायरल होते ही एसपी ने किया निलंबित
सक्ती – सक्ती जिले में सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो के बाद पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल कुमार ठाकुर ने रक्षित केंद्र में पदस्थ आरक्षक क्रमांक 48 जगजीवन टोंडे को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। आरक्षक का पुलिस वर्दी में सार्वजनिक स्थान पर संदिग्ध अवस्था में पड़े होने का वीडियो वायरल हुआ था, जिससे पुलिस विभाग की छवि पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की बात कही गई है। पुलिस विभाग द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, आरक्षक जगजीवन टोंडे को 3 जून 2026 को मालखरौदा क्षेत्र में वारंट पेशी संबंधी ड्यूटी पर भेजा गया था। ड्यूटी पूर्ण करने के बाद वह रक्षित केंद्र वापस नहीं लौटा और 17 जून 2026 तक बिना अनुमति के लगातार अनुपस्थित रहा। इसी दौरान सक्ती के बुधवारी बाजार स्थित एक चबूतरे पर पुलिस वर्दी में उसके संदिग्ध अवस्था में सोते हुए दिखाई देने का वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो गया। वीडियो वायरल होने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया और लोगों के बीच इसकी व्यापक चर्चा होने लगी। सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा था कि आरक्षक शराब के नशे में सार्वजनिक स्थान पर पड़ा हुआ था। हालांकि वीडियो में दिखाई गई परिस्थितियों की अलग से आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन विभाग ने इसे पुलिस की छवि को धूमिल करने वाला आचरण माना है। पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल कुमार ठाकुर ने आरक्षक के कर्तव्य के प्रति उदासीन रवैये, अनुशासनहीनता और लंबे समय से अनाधिकृत रूप से अनुपस्थित रहने को गंभीर मानते हुए उसे तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। विभागीय आदेश में कहा गया है कि उक्त आचरण पुलिस विभाग की गरिमा के विपरीत है।




