सक्ती

गुरुकुल संगीत महाविद्यालय के नवनिर्मित सभागार का लोकार्पण

सक्ती- गुरुकुल संगीत महाविद्यालय, सक्ती के नवनिर्मित सभागार का लोकार्पण कथावाचक पंडित राजेंद्र महाराज के मुख्य आतिथ्य, उच्च न्यायालय अधिवक्ता एवं राष्ट्रीय मानवाधिकार एवं सामाजिक न्याय आयोग (विधि) छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष चितरंजय पटेल के विशिष्ट आतिथ्य तथा महाविद्यालय संचालक दिनेश साहू की अध्यक्षता में गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में पंडित वेद प्रकाश तिवारी, सेवानिवृत्त प्रधान पाठक भगत राम साहू, वेदराम यादव, संगीताचार्य चाम्पा, आचार्य के.आर. कश्यप (हसौद), आचार्य जीतराम देवांगन (चांपा) सहित बड़ी संख्या में संगीत साधक एवं संगीत प्रेमी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ संगीत साधना की आराध्य देवी मां शारदा के छायाचित्र पर माल्यार्पण, दीप प्रज्ज्वलन एवं विधिवत पूजन-अर्चन के साथ हुआ। इसके पश्चात मंचस्थ अतिथियों का चंदन तिलक, माल्यार्पण तथा वस्त्र एवं श्रीफल भेंटकर स्वागत-सम्मान किया गया। अतिथियों ने फीता काटकर नवनिर्मित सभागार का लोकार्पण किया।
लोकार्पण के पश्चात महाविद्यालय के शिष्यों द्वारा शास्त्रीय गायन की मनोहारी प्रस्तुतियां दी गईं। सुरों की मधुर धारा से पूरा सभागार संगीतमय हो उठा। विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों ने उपस्थित संगीत प्रेमियों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि पंडित राजेंद्र महाराज ने गुरुकुल परिवार को आशीर्वाद प्रदान करते हुए महाविद्यालय के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। वहीं विशिष्ट अतिथि अधिवक्ता चितरंजय पटेल ने गुरु-शिष्यों की संगीत प्रस्तुतियों की सराहना करते हुए कहा कि “संगीत साधना ईश्वरीय पूजा है। सुर और साधना के माध्यम से मनुष्य आत्मिक शांति के साथ अपनी संस्कृति और परंपरा से भी जुड़ता है। गुरुकुल संगीत महाविद्यालय द्वारा संगीत की इस साधना को निरंतर आगे बढ़ाना सराहनीय कार्य है।”
कार्यक्रम का सफल संचालन संयोगिता रात्रे ने किया। कार्यक्रम को सफल बनाने में मार्गदर्शक मनहरण लाल साहू के सान्निध्य में महाविद्यालय के तबला शिक्षक दिलीप कुमार पटेल तथा शिष्य दीनदयाल चौहान, विकी शर्मा, तेज प्रकाश देवांगन, नरेश कशेर, मोहिनीश चंद्रा, गगन जटवार, चंद्रकला, मंजूलता, तनीषा, भावना, काजल, पुष्पा साहू, लक्ष्मी, आस्था, दुर्गेश्वरी, ममता, दिव्या, भूमिका, हरीकर्ष, अमित, अभिनव, योगेश, विकास, करिश्मा, पुष्पा वैष्णव, आरव मित्तल, ऋषभ मिश्रा, हितेश साहू, रविंद्र मिश्रा सहित समस्त साहू परिवार की महत्वपूर्ण भूमिका रही।