महानदी के भारी बाढ़ से किकिरदा और बसंतपुर सहित तटीय गांवों में मंडरा रहा खतरा


सक्ती-/बिर्रा- महानदी के भारी बाढ़ से किकिरदा और बसंतपुर सहित आसपास के तटीय इलाकों में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। धमतरी जिला के गंगरेल बांध के 14 दरवाजा खोल दिए जाने से महानदी का जलस्तर बहुत तेज गति से बढ़ रहा है। जिसके कारण किकिरदा और बसंतपुर सहित तटीय गांवों में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। महानदी के किनारे नया मुक्तिधाम एवं बाड़ी में लगे सब्जी भाजी और खेत खलिहान डूब गए हैं। जिसके कारण ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
गौरतलब है कि बिर्रा क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत किकिरदा एवं बसंतपुर और देवरहा, देवरानी, मौहाडीह, करही, देवरीमठ, डोटमा , बरेकेल सहित तटीय गांवों में महानदी में अचानक बाढ़ आ जाने से बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। धमतरी जिला के गंगरेल बांध का 14 गेट खोल दिए जाने से महानदी में महानदी का जलस्तर लगातार काफी तेज गति से बढ़ रही है। महानदी के जल स्तर लगातार बढ़ने से कई गांव के किनारे बने मुक्तिधाम एवं बाड़ी में लगे सब्जी भाजी और खेत खलिहान डूब रहे हैं। डोटमा गांव में कई गौ माताएं महानदी के टापू में घास चलने गए थे। महानदी में अचानक बाढ़ आ जाने से टापू में ही फंस गए थे। स्थानीय ग्रामीणों की मदद से रेस्क्यू किया गया है। हालांकि शासन प्रशासन के अधिकारी एवं कर्मचारी सजग है। महानदी किनारे के तटीय इलाके के गांव में ग्राम कोटवारों के माध्यम से मुनादी करा दिया गया है। क्षेत्र में और गरियाबंद एवं रायपुर और धमतरी सहित कई जिलों में लगातार हो रही बारिश के कारण और गंगरेल बांध के सभी 14 दरवाजा खोल दिए जाने के कारण से महानदी में बहुत ज्यादा बाढ़ आ जाने से महानदी के तटीय इलाकों के गांव में ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
