कलेक्टर ने ली साप्ताहिक समय सीमा की बैठक, लंबित प्रकरणों का शीघ्र निराकरण करने के दिए निर्देश


सभी विभागों को ई-ऑफिस के क्रियान्वयन में तेजी लाने के दिए आवश्यक निर्देश, विभिन्न विभागों के कार्यों की विस्तार से की गई समीक्षा
सक्ती- कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी अमृत विकास तोपनो ने आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में साप्ताहिक समय सीमा की बैठक लेकर विभिन्न विभाग अंतर्गत चल रहे विभागीय कामकाज की समीक्षा की। समय सीमा की बैठक में कलेक्टर ने बचे पौधरोपण कार्यों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी विभागों को ई-ऑफिस के क्रियान्वयन में तेजी लाने के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर द्वारा जिला अंतर्गत विभिन्न विभागों के विभागीय कार्यों तथा प्रगतिरत विभिन्न निर्माण कार्यों सहित अन्य आवश्यक कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई तथा आवश्यक निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने राजस्व विभाग के ई-कोर्ट न्यायालयो में प्रकरणों के निराकरण की स्थिति, एग्रीस्टेक के माध्यम किसान पंजीयन समय पर पूर्ण कराने के निर्देश दिए एवं फार्मर आईडी निर्माण की स्थिति, लोक निर्माण विभाग अंर्तगत सड़क निर्माण हेतु भू अर्जन प्रकरणों के निराकरण की स्थिति सहित अन्य विभिन्न महत्वपूर्ण बिंदुओं की विस्तार से समीक्षा करते हुए आवश्यक निर्देश दिए। कलेक्टर ने विभिन्न विभागों के लंबित पेंशन प्रकरणों के अद्यतन स्थिति की विभागवार जानकारी ली तथा तेजी से लंबित पेंशन प्रकरणों का निराकरण करने के निर्देश दिए है। इसी प्रकार कलेक्टर द्वारा पंचायत विभाग, लोक निर्माण विभाग, शिक्षा विभाग, विद्युत विभाग, खाद्य विभाग, सहकारिता विभाग, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग, मत्स्य पालन विभाग, पशु चिकित्सा विभाग सहित अन्य विभागों के कार्यों की विस्तार से समीक्षा करते हुए आवश्यक निर्देश दिए गए। इसके साथ ही बैठक में कलेक्टर द्वारा विभागवार समय सीमा के लंबित प्रकरणों, जनदर्शन, जनचौपाल आदि में प्राप्त शिकायतों का विस्तार से समीक्षा करते हुए सभी संबंधित अधिकारियो को त्वरित निराकरण करने के निर्देश दिए गए है। समय सीमा की बैठक में जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी वासु जैन, अपर कलेक्टर बीरेंद्र लकड़ा, एसडीएम डभरा बालेश्वर राम, एसडीएम सक्ती अरुण कुमार सोम, एसडीएम मालखरौदा रूपेंद्र पटेल, जिला कोषालय अधिकारी उपेन्द्र पटेल, डिप्टी कलेक्टर विनय कश्यप, डिप्टी कलेक्टर कावेरी मरकाम सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।


